स्वस्थ शरीर के लिए संतुलित आहार आवश्यक होता है और महिलाओं और बच्चों के विकास में तो अल्प पोषण हमेशा से ही चुनौती है। स्वस्थ प्रदेश और देश के निर्माण हेतु 1 से 30 सितम्बर तक राष्ट्रीय पोषण माह - 2019 मनाया जा रहा है।
महिला एवं बाल विकास विभाग, मध्यप्रदेश भी हर घर पोषण व्यवहार की तर्ज पर राज्य, जिला, विकासखण्ड और आँगनवाड़ी स्तर पर पोषण जागरूकता से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम का आयोजन कर रहा है।
वर्तमान परिदृश्य
अल्प पोषण स्वास्थ्य और शरीर के लिए हानिकारक है। आइये जाने कुछ तथ्य :-
● लगभग 69% बच्चे और 52.5% गर्भवती महिलाओं में एनीमिक (खून की कमी) है।
● 5 वर्ष से कम आयु के लगभग 42% बच्चे स्टंटेड हैं।
● 6 से 8 महीने की उम्र के 38 फीसदी बच्चों को स्तनपान के साथ ठोस या अर्ध-ठोस आहार मिलता है।
● माइक्रोन्यूट्रिएंट की कमी के कारण बच्चे कुपोषण और एनीमिया के शिकार हो जाते हैं, इसीलिए 6 महीने के बाद बच्चों को पर्याप्त आहार देना आवश्यक होता है।
● 15 से 49 वर्ष की महिलाओं की आहार विविधता भी बहुत कम है, केवल 20% महिलायें ही 5 से अधिक खाद्य समूहों का सेवन करती हैं।
● किशोरावस्था से लेकर प्रोढ़ होने तक अधिकांश प्रजनन आयु वर्ग वाली महिलाओं को आहार में आवश्यक विविधता नहीं मिलती, जिसकी वजह से वह रक्त-अल्पता से ग्रसित हो जाती हैं।
कैसे पोषक तत्वों की कमी को दूर करें:-
● परिवारजन, गर्भवती महिला और 5 वर्ष तक के बच्चों का पोषक आहार सुनिश्चित करें।
● गर्भवती महिलाओं को आयरन व विटामिन युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए।
● भोजन की थाली में सभी प्रकार की दालें, हरी पत्तेदार सब्जियां, सूखे मेवे, मौसमी फल, सलाद, गुड़, काले तिल, फलियां, दूध और दूध से बने पदार्थ शामिल करें
● इन सभी पदार्थों का सेवन करने से खून में कमी, आयरन, विटामिन और पोषक तत्वों की कमी नहीं होगी और सही पोषण मिलेगा।
● नवजात शिशु के लिएपहले छह महीनों में केवल स्तनपान ही कराना चाहिए। इसके बाद सही मात्रा, तरलता और पोषक विविधता में संतुलित आहार बहुत जरूरी होता है
महिला एवं बाल विकास विभाग इस अभियान के माध्यम से निम्न विषयों पर आपके सुझाव एवं विचार mp.mygov.in पर आमंत्रित करता है:-
• क्या आपकी थाली में सारे खाद्य समूह होते हैं?
• क्या गर्भवती महिला को सभी पोषक तत्त्व मिलते है?
• क्या ५ वर्ष से कम उम्र के बच्चे पोषक खाना खाते है?
• पोषण ही स्वास्थ्य है तो फिर जन जन तक इसे कैसे पहुंचाए?
आइए हम सब मिलकर कुपोषण मुक्त, स्वस्थ और मजबूत प्रदेश का निर्माण करें!
bestplaceto visitin 6 years 6 months ago
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bestplaceto visitin 6 years 6 months ago
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Vikash Kumar Pandey 6 years 6 months ago
By having an idea of the balance in your diet, it should be easier to enjoy food and be healthy. There are seven essential factors for a balanced diet: carbs, protein, fat, fibre, vitamins, minerals and water.
A balanced diet is important because your organs and tissues need proper nutrition to work effectively. Without good nutrition, your body is more prone to disease, infection, fatigue, and poor performance.
The balance of food groups, fluid, and calories is dependent on the individual.
Tripti Gurudev 6 years 6 months ago
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Tripti Gurudev 6 years 6 months ago
बच्चों के मानसिक एवं शारिरिक बिकास हेतु सतुंलित आहार जरूरी है।
Tripti Gurudev 6 years 6 months ago
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Rajesh Bhandari Babu 6 years 6 months ago
जीना और स्वस्थ रहकर जीने में बहुत फरक है | संतुलित भोजन करके हम अपनी आने वाली बहुत से गंभीर बीमारियों से बच सकते है | सुबह का नाश्ता जरुर करे जिसमे फाइबर और नुट्रीशियन जादा हो | भोजन दोपहर का समय पर करे और दोपहर में आराम जुरूर करे | चार बजे कुछ फल फुल ले और रात को हल्का भोजन करे | रात को गरम दूध जरुर ले | संतुलित आहार से स्वस्थ रहने मे मदद मिलती है | वो कहते है की जैसा खावे अन्न वैसा ही होवे मन |
Tripti Gurudev 6 years 6 months ago
A healthy diet and good nutrition during pregnancy ensure that your baby gets the best start possible the best diet that provides ample amounts of-protien, carbohydrates,fat, vitamins, minerals.A healthy diet during pregnancy contain s much of the same balance vitamins minerals.The difference is that you need higher amounts.it you already have healthy eating habits,it will be easy to make slight adjustment to ensure a healthy pregnancy.
V K TYAGI 6 years 6 months ago
संतुलित आहार स्वस्थ जीवन का आधार है आजकल की भागदौड़ वाली जिंदगी में आदमी बहुत ज्यादा फास्ट फूड पर निर्भर हो गया है जिसके कारण मोटापा व अन्य बीमारियां बढ़ती जा रही है आदमी बीमार बनता जा रहा है उसके पास न तो ठीक से खाना बनाने का समय है और न ही ठीक से खाने का समय है यही कारण है कि समय बचाने के लिए वह रेडी मेड खाने पर निर्भर होता जा रहा है लेकिन स्वस्थ शरीर के लिए आवश्यक है कि वह संतुलित आहार के ताकि वह स्वस्थ रह सके संतुलित आहार भी शरीर की आवश्यकता के अनुसार होना चाहिए एन की मर्जी के अनुसार
Kushal Dangi 6 years 6 months ago
Good