- Competitions on COVID-19 Appropriate Behaviour
- Creative Corner
- Creative Quarantine
- Department of Culture
- Department of Farmers welfare and Agriculture Development
- Department of Mines and Minerals
- Department of School Education - Madhya Pradesh
- Dil Se CM Radio Program
- Lok Seva Department
- Madhya Pradesh Tourism Department
- Smart City Bhopal
- आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश का निर्माण
- कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग
- तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग
- नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग
- नया मध्यप्रदेश
- मध्य प्रदेश इको पर्यटन विकास बोर्ड
- मध्य प्रदेश लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग
- मध्यप्रदेश वन विभाग की वन्यजीव शाखा
- मध्यप्रदेश सरकार का सफल 1 वर्ष
- माध्यमिक शिक्षा मंडल, मध्य प्रदेश
- लोक स्वास्थ्य विभाग, मध्य प्रदेश
- संचालनालय, खेल एवं युवा कल्याण विभाग
- सामाजिक न्याय एवं निशक्त जन कल्याण विभाग
- स्तनपान शिशु के जीवन का आधार
आकर्षक स्लोगन भेजें और पुरस्कार पायें-
‘‘शहीदों की मजारों पर, लगेंगें हर बरस मेले ...

‘‘शहीदों की मजारों पर, लगेंगें हर बरस मेले
वतन पर मरने वालों का यही, बाकी निशां होगा’’
सार्थक सिद्ध होती है जगदम्बा प्रसाद मिश्र की यह कविता भोपाल के शौर्य स्मारक पर। शौर्य स्मारक वीर सैनिकों की शहादत के प्रति आदरांजलि है, उनके सम्मान में निर्मित यह स्मारक देश में अनूठा है। शौर्य स्मारक का भ्रमण आपके मन में देश और देश के वीर जवानों के प्रति क्या भावनाएं जगाता है- इस विचार को स्लोगन के रूप में लिखें तथा प्रविष्टि नीचे दिये फार्मेट में भेजें।
स्वराज संस्थान संचालनालय, संस्कृति विभाग म.प्र. शासन द्वारा चयनित 10 सर्वश्रेष्ठ स्लोगन को पुरस्कृत किया जावेगा। सभी विजेताओं को पुरस्कार स्वरूप, देशभक्ति पर केन्द्रित गीतों की सी.डी. एवं पुस्तक शौर्य स्मारक से प्रदान की जायेगी। चयनित विजेताओं के स्लोगन रेडियो आज़ाद हिन्द 90.8 MHz से प्रसारित भी किये जावेंगे।
प्रतियोगिता की शर्तें-
• भारत का कोई भी नागरिक इस प्रतियोगिता में सहभागिता कर सकता है।
• प्रति नागरिक केवल एक ही प्रविष्टि स्वीकार की जाएगी।
• कृपया अपनी प्रविष्ठि MSWORD/JPEG/PNG/PDF या Tiff फॉर्मेट में अपलोड करें।
• स्लोगन आकर्षक हो तथा अधिकतम 20 शब्दों का हो।
• प्रविष्टि को उसके लॉग-इन विवरण के आधार पर ही प्रतियोगिता में शामिल किया जायेगा।
• पुरस्कार के लिये चयनित प्रविष्टियों के कहीं भी उपयोग का सर्वाधिकार स्वराज संस्थान संचालनालय के पास सुरक्षित रहेगा।
• श्रेष्ठ प्रविष्टि का चयन स्वराज संस्थान संचालनालय द्वारा किया जायेगा और उनका निर्णय अंतिम होगा।
• स्लोगन राष्ट्रभाषा हिंदी में ही स्वीकार्य होंगे।
• प्रतिभागी यह सुनिश्चित करें कि उनके नाम, पता, ई-मेल एवं फोन नंबर जैसे विवरण शामिल है। अपूर्ण प्रोफाइल के साथ प्राप्त प्रविष्टियों पर विचार नहीं किया जाएगा।
• प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी प्रतिभागी यह सुनिश्चित करें किः-
1. उन्होंने प्रवेश की सभी शर्तो का अनुपालन किया है।
2. उनकीं प्रविष्टियां मूल है।
3. उनकी प्रविष्टियां किसी भी तीसरे पक्ष की बौद्धिक सम्पदा अधिकारों का उल्लंघन नहीं करती हैं।









vineet sharma 7 years 10 months ago
"प्रथम पद पर वतन ना हो तो हम चुप रह नहीं सकते ,
किसी शव पर कफ़न ना हो तो हम चुप रह नहीं सकते ,
भले सत्ता को कोई भी सलामी दे न दे लेकिन ,
शहीदों तो नमन ना हो तो हम चुप रह नहीं सकते..!".
Ashutosh Maurya 7 years 10 months ago
"मेरी सोच मेरा कल" आज से शुरु हो मेरा कल...
Richa mourya 7 years 10 months ago
कभी नहीं संघर्ष से,
इतिहास हमारा हारा।
बलिदान हुए जो वीर जवां,
उनको नमन हमारा।।
Yash Gehlot 7 years 10 months ago
शौर्य, वीरता एवं साहस ही उनके परिचायक हैं।
मातृभूमि के प्रति समर्पित, वें ही सच्चे नायक हैं।।
RAKESH SINGH RAGHUWANSHI 7 years 10 months ago
ye batan ke basiyon kahan chale jannat dundne
ek bar yahaan v aao jannnat aati yahan ghumne
voh veer the bade dil wale,ji hann voh veer the bade dil wale
jo jannat ke v hain piyale,
ek maa (bharat mata) ke bete ho gye desh ke pyare.
Akash Verma 7 years 10 months ago
चाहे आधी रोटी खायेंगे,
पर देश को स्वच्छ बनायेंगे
Dr Sadhna Singh 7 years 10 months ago
Aao manae shourya parv
aur pahchane desh ka garv
sumit raikwar 7 years 10 months ago
भारत के अमर शहीदों की गाथाओं का ये प्रतीक हैं,
सुंदरता और स्वच्छता का यह अमृतमय स्वरूप हैं।
जिसे देख हमारे सीने में एक सुलग उठी चिंगारी हैं,
सर्वश्व न्योछावर करने की अब हम सबकी बारी हैं।।
Prashant Gupta 7 years 10 months ago
my slogan is attached in the pdf format with all my details
Arun singh tomar 7 years 10 months ago
उनके हौंसले का मुकाबला ही नहीं है कोई
जिनकी कुर्बानी का कर्ज हम पर उधार है
आज हम इसीलिए खुशहाल हैं क्यूंकि
सीमा पे जवान बलिदान को तैयार है